फीचर


राष्ट्रपति पद के लिए दलित उम्मीदवार : प्रतीकवाद जीता (18:09) IANS Photo Service
अमूल्य गांगुली
इस मुकाबले का नतीजा सबको पता है। भारतीय जनता पार्टी ने राष्ट्रपति पद के लिए अपने उम्मीदवार रामनाथ कोविंद के लिए जो समर्थन जुटाया है, उसके जरिए वह आसानी से अपनी मंजिल राष्ट्रपति भवन पहुंच जाएंगे।

सूखा, खुदकुशी से त्रस्त मराठवाड़ा के 3 गांव किसानों के प्रेरणास्रोत (10:28)
सौरभ कटकुरवार
जालना (महाराष्ट्र), 24 जून (आईएएनएस)| महाराष्ट्र का मराठवाड़ा क्षेत्र सूखा और किसानों की खुदकुशी को लेकर अक्सर सुर्खियों में रहता है, लेकिन इसी क्षेत्र के तीन ऐसे गांव भी हैं, जहां के किसानों को पानी के लिए आसमान की ओर नजरें नहीं टिकानी पड़तीं, साथ ही उनकी कृषि आमदनी में दिन दूनी रात चौगुनी रफ्तार से इजाफा हो रहा है।

मप्र : किसान आत्महत्याओं पर 'चिमाने' को जगाना मुश्किल! (19:23)
संदीप पौराणिक
भोपाल, 23 जून (आईएएनएस)| एक कहावत है कि सोते को जगाया जा सकता है, जागते को भी जगाया जा सकता है, मगर चिमाने (सोने का स्वांग रचने वाला) को जगाना मुश्किल है। किसान आत्महत्याओं के मामले में यही हाल शिवराज सिंह चौहान सरकार का हो चला है, जो यह मानने को तैयार नहीं है कि किसान कर्ज के दवाब में आत्महत्या कर रहे हैं।

राष्ट्रपति चुनाव की 'धुरी' बना बिहार (17:34)
मनोज पाठक
पटना, 23 जून (आईएएनएस)| राष्ट्रपति चुनाव में विपक्षी पार्टियों ने पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार को चुनावी अखाड़े में उतारकर चुनाव को रोचक बना दिया है। मीरा कुमार का मुकाबला केंद्र में सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनताांत्रिक गठबंधन (राजग) के उम्मीदवार और बिहार के पूर्व राज्यपाल रामनाथ कोविंद से है। दोनों उम्मीदवार दलित समुदाय से हैं और दोनों का संबंध बिहार से है।

इस सुलो की भी सुन लो सरकार..! (फोटो सहित) (With Images) (21:03)
दंतेवाड़ा (छत्तीसगढ़), 22 जून (आईएएनएस/वीएनएस)। बारिश में उफनती इंद्रावती नदी को आंगनबाड़ी सहायिका सुलोवती (35) एक छोटी-सी डोंगी के सहारे पारकर छोटे छिंदनार से बड़े छिंदनार जाती है। महज दो हजार रुपये मासिक मानदेय के लिए वह हर रोज अपनी जिंदगी दांव पर लगाती है।

मानसून में स्कार्फ, जूलरी से यूं दिखें आकर्षक (10:46)
नई दिल्ली, 21 जून (आईएएनएस)| काम के व्यस्तता के चलते अगर आप ऑफिस में स्टाइलिश परिधान पहन कर जाने की योजना के बारे में बस सोचती रह जाती हैं तो ऐसे में कभी-कभी स्कार्फ और आभूषण भी आपके लिए बेहतर एक्सेसरीज साबित होते हैं और मानसून में आपको आकर्षक लुक देते हैं।

किसानों की टूटती आस, घुटती सांस को समझना होगा (20:07)
ऋतुपर्ण दवे
क्या किसान विवश हैं और खेती विवशता? यह प्रश्न आने वाले दिनों में बहुत अहम होगा। फिलहाल पूरे देश में किसान उपहास के विषय से ज्यादा कुछ नहीं। बदले सामाजिक परिवेश में किसानों की हैसियत बेहद दयनीय हुई है, वहीं सरकारी उपेक्षा के चलते स्वयं को खेती से विरक्त करना चिंतनीय है।

मानसून में बालों, पैरों का यूं रखें ख्याल (11:07)
नई दिल्ली, 19 जून (आईएएनएस)| कई युवतियां मानसून का खुलकर लुत्फ लेना पसंद करती हैं, लेकिन बारिश में झूमने और डांस करने से बाल खराब हो सकते हैं। इस मंौसम में कम से कम बालों के उत्पाद का इस्तेमाल करें और पैरों को मुलायम बनाए रखने के लिए लैक्टिक एसिड युक्त मॉइश्चराइजर का इस्तेमाल करें।

'हरियर रायपुर' बनाने में जुटीं 'हरियाली दीदी' (फोटो सहित) (With Images) (21:10)
नीरज तिवारी
रायपुर, 18 जून (आईएएनएस/वीएनएस)। छत्तीसगढ़ की नवाचारी महिला किसान पुष्पा साहू पूरे प्रदेश में हरियाली की अलख जगाने के बाद अब हरियर रायपुर बनाने की तैयारी में हैं। उन्होंने 'हरियर रायपुर' की रूपरेखा प्रदेश के राज्यपाल बलरामदास टंडन को सौंपी है। उन्हें समूचे छत्तीसगढ़ में 'हरियाली दीदी' के नाम से भी जाना जाता है।

मिथिला में 700 साल पुरानी जोड़ी मिलान प्रथा कायम (17:58)
निर्मल आशु रंजन/मुदिता गिरोत्रा
मधुबनी (बिहार), 18 जून (आईएएनएस)| कहते हैं जोड़ी स्वर्ग से बनकर आती है, लेकिन उत्तर बिहार यानी मिथिला क्षेत्र के मधुबनी जिले के सौराठ गांव में बड़ी संख्या में विवाह योग्य युवक-युवतियों की जोड़ी मिलान कर शादी कराई जाती है।

दार्जिलिंग : सियासी जमीन बचाने की चिंता (18:59)
रमेश ठाकुर
आग की लपटों में सुलगते दार्जिलिंग में सभी गतिविधियां बंद रखने के आदेश दे दिए गए हैं। उपद्रवियों के चलते हालात नियंत्रण से बाहर हो गए हैं। आंदोलनकारी किसी भी हद तक जाने के लिए कसमें खाए बैठे हैं। गोरखा लोग किसी भी तरह अपनी खिसकती सियासी जमीन को बचाना चाहते हैं।

मानसून में बालों, त्वचा की यूं करें देखभाल (12:08)
नई दिल्ली, 17 जून (आईएएनएस)| मानसून कभी भी दस्तक दे सकता है और इस मौसम में आपको ताजगी महसूस करने और बालों की देखभाल करने को लेकर दिक्कत महसूस होती है। आप फेस वाइप्स से अपना चेहरा साफ कर जहां ताजगी महसूस कर सकती हैं, वहीं हफ्ते में दो या तीन बार बालों को धोने से बेहतर महसूस करेंगी।

मेधावी छात्र मुफ्त ले सकेंगे अप्पूघर का मजा (11:37)
नई दिल्ली, 17 जून (आईएएनएस)| बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी करने के लिए पूरे साल कड़ी मेहनत करने के बाद हर विद्यार्थी चाहता है, अपने दोस्तों व परिवार के साथ कुछ अच्छा समय बिताना। हाल ही में 10वीं बोर्ड परीक्षाओं के परिणाम घोषित किए गए हैं, जिसके साथ ही भारत का पहला मनोरंजन पार्क अप्पूघर छात्रों को सबसे मजेदार और यादगार तरीके से अपनी शैक्षणिक सफलता का आनंद मनाने का मौका दे रहा है।

जीएसटी : जेबें और ढीली होंगी या मिलेगी राहत? (09:30)
सुधांशु कुमार
केंद्र सरकार का दावा है कि वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के लागू होने के साथ ही देश में आजादी के बाद सबसे बड़ी कर सुधार व्यवस्था अस्तित्व में आ जाएगी। लोगों के मन में इसे लेकर तरह-तरह के सवाल उमड़-घुमड़ रहे हैं। लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि मध्यम आयवर्ग पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा? कहीं यह पहले से ही महंगाई के बोझ तले दबे आम आदमी की जेब को और ढीली तो नहीं करेगा!

मैथिली गीत दे रहे 'सौराठ सभा' का न्योता (13:04)
मधुबनी, 14 जून (आईएएनएस)| बिहार के मिथिलांचल के मधुबनी जिले में 25 जून से सौराठ सभा लगने जा रही है। इसमें लोगों को शामिल करने के लिए इस वर्ष गीतों के जरिए निवेदन किया जा रहा है। इन गीतों का शीर्षक गीत आजकल सोशल साइटों पर काफी वायरल हो रहा है। मैथिली गीत 'प्रीतम लेने चलू हमरो सौराठ सभा यो' में मिथिलांचल की सांस्कृतिक भूमि पर आने के लिए देश-विदेश में रहने वाले सभी मिथिलावासियों से अपील की गई है।

कपड़ों की यूं करें देखभाल (10:47)
नई दिल्ली, 14 जून (आईएएनएस)| कपड़े आपके व्यक्तित्व को उभारने में अहम भूमिका निभाते हैं, इसलिए इन्हें लंबे समय तक सहेज कर रखने के लिए कुछ बातों पर ध्यान देना जरूरी है। ऊनी कपड़ों को ड्राई क्लीन कराएं, जबकि सफेद कपड़ों को अलग से धोएं।

बाल विवाह गांवों में घटे, शहरों में बढ़े (10:53)
विपुल विवेक
बाल विवाह, विशेषकर कन्याओं का विवाह भारत के ग्रामीण इलाकों में घटा है लेकिन शहरी इलाकों में बढ़ा है। बड़ी बात यह है कि लड़कों की तुलना में नाबालिग लड़कियों की शादियां अधिक हो रही हैं। इसके कारण हालांकि स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन पितृसत्तात्मक समाज तथा परंपरा को इसका जिम्मेदार ठहराया जा सकता है। जनसंख्या आंकड़ों के नए विश्लेषण से यह जानकारी सामने आई है।

कैसे बचे नौनिहालों का बचपन (18:13)
रमेश ठाकुर
गरीबी का मुख्य हिस्सा है और भारत की दूसरी सबसे बड़ी समस्या है। भारत जैसे विकासशील देश में आज लोग अपने बच्चों को अपनी पेट की भूख मिटाने के लिए अपने नौनिहालों को श्रम की भट्ठियों में तपाने के लिए विवश हैं।

..एक रेस्तरॉ, जहां जवानों को मिलता है रियायती भोजन! (फोटो सहित) (With Images) (15:45)
ममता अग्रवाल
रायपुर, 11 जून (आईएएनएस)| देश के जवान भूखे-प्यासे रहकर भी सरहदों की रक्षा करते हैं, दुश्मनों की गोलियों का सामना करते हैं, उन्हें अपने ही देश में पत्थरबाजों, घात लगाए बैठे नक्सलियों की हिंसा का भी सामना करना पड़ता है, उनकी शहादत पर ओछी राजनीति भी होती है। लेकिन देश में जवानों के जज्बों को सलाम करने वालों की भी कमी नहीं है। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में ऐसे ही एक व्यक्ति हैं मनोज दूबे।

गर्मियों में खीरा-पैक से पाएं निखरी त्वचा (16:18)
निवेदिता
नई दिल्ली, 10 जून (आईएएनएस)| गर्मियां बढ़ती जा रही हैं और ऐसे में चेहरे को चमकदार बनाए रखने के लिए त्वचा में नमी बनाए रखना और उसका पोषण बेहद जरूरी है। घर पर बने खीरे का पैक, टमाटर का रस, हल्दी, बेसन, दही और नींबू के रस से बना फेसपैक आपकी त्वचा में निखार और चमक बनाए रखने के लिए सबसे उपयुक्त है।

शादी में बनारसी साड़ी में यूं दिखें आकर्षक (09:13)
नई दिल्ली, 8 जून (आईएएनएस)| अगर आप शादी में बनारसी साड़ी पहनने की सोच रही हैं तो इसके रंग संयोजन और इसे पहनने के स्टाइल पर खास ध्यान दें, ताकि आप खूबसूरत और स्टाइलिश नजर आ सकें।

पर्यावरण अनदेखी का खामियाजा भुगतने को रहें तैयार (22:10)
रमेश ठाकुर
पर्यावरण को विकृत व दूषित करने वाली समस्त स्थितियों तथा कारणों के लिए हम मानव उत्तरदायी हैं। हताशा बढ़ती जनसंख्या की आवास तथा बेकारी की समस्या को दूर करने के लिए जंगलों, हरे-भरे खेतों, बाग-बगीचों को काटा जा रहा है। नगरों महानगरों में गंदगी का ढेर बन गया है। बड़े-बड़े कल-कारखानों की चिमनियों से निकलने वाला विषैला दुआं, रेलगाड़ी व अन्य मोटर वाहनों के पाइपों और इंजनों से निकलने वाली गैसें, रसायनों की गंध व कचड़ा, अवशिष्ट रासायनिक पानी परमाणु भट्ठियों से निकलने वाले जहरीले तत्व से वायु तथा जल प्रदूषित हो रहा है।

स्वास्थ्य, स्वच्छता के लिए हानिकारक हैं डिस्पोजेबल सैनिटरी नैपकिन (विश्व पर्यावरण दिवस विशेष) (20:29)
कविता बाजेली दत्त
नई दिल्ली, 4 जून (आईएएनएस)| जब भी कोई महिला डिस्पोजेबल सैनिटरी नैपकिन खरीदती है तो उसके दिमाग में लंबे समय तक चलने वाला, आरामदायक, दाग मुक्त और सस्ता होने की बात रहती है।

मां की खातिर बेटियों ने खोद डाला कुआं (फोटो सहित) (With Images) (10:27)
रायपुर, 4 जून (आईएएनएस)| निर्देशक राजमौली की बहुचर्चित फिल्म 'बाहुबली' में अपनी मां को शिवजी के जलाभिषेक के लिए दूर से पानी भर-भर लाता देख बाहुबली शिवलिंग को ही उठाकर पानी के नजदीक ले जाते हैं। बाहुबली के इस दृश्य के मार्मिक दृश्यांकन में मां की तकलीफ और बेटे का समाधान दोनों को दर्शकों की खूब तालियां मिली। छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले की दो बेटियों ने भी अपनी मां की खातिर धरती का सीना चीर कुआं खोद डाला, जिसकी आज हर ओर चर्चा हो रही है।

250,000 लोगों को लील चुकी 2004 की सुनामी में 'हिमालय' का था हाथ (12:03)
के.एस.जयारमन
बेंगलुरू, 31 मई (आईएएनएस)| वैज्ञानिकों ने वर्षो के शोध के बाद पता लगाया है कि 26 दिसंबर 2004 को इंडोनेशिया के सुमात्रा में 9.2 तीव्रता के भूकंप और उसके बाद आई सुनामी में हिमालय की अहम भूमिका रही है।